BNCAP 5-स्टार सेफ्टी रेटिंग: 2026 में भारत की सबसे सुरक्षित SUVs और EVs की सूची
भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में अब ‘सुरक्षा’ ग्राहकों की सबसे पहली प्राथमिकता बन गई है। 20 मार्च 2026 की ताजा रिपोर्ट के अनुसार Bharat NCAP (BNCAP) ने कई नई गाड़ियों के क्रैश टेस्ट परिणाम घोषित किए हैं, जिनमें टाटा, महिंद्रा और यहाँ तक कि मारुति सुजुकी की गाड़ियों ने भी बाजी मारी है। ‘अमर उजाला’ की इस विशेष रिपोर्ट में उन टॉप गाड़ियों की सूची दी गई है जिन्होंने वयस्कों (Adult) और बच्चों (Child) दोनों की सुरक्षा के मामले में पूरे 5-स्टार हासिल किए हैं। अब सुरक्षित गाड़ी खरीदना केवल अमीरों तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि किफायती सेगमेंट में भी कई मजबूत विकल्प मौजूद हैं।
इलेक्ट्रिक सेगमेंट में सुरक्षा का परचम: Tata और Mahindra का दबदबा
इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) के मामले में भारतीय कंपनियों ने सुरक्षा के नए मानक स्थापित किए हैं। Tata Harrier EV और Mahindra XEV 9e इस समय भारत की सबसे सुरक्षित इलेक्ट्रिक गाड़ियाँ बनकर उभरी हैं, जिन्होंने वयस्क सुरक्षा में 32 में से पूरे 32 अंक हासिल किए हैं। इनके अलावा, Mahindra BE 6 और Tata Punch EV ने भी 5-स्टार रेटिंग के साथ अपनी मजबूती साबित की है। ईवी के फ्लोर पर बैटरी पैक का प्लेसमेंट गाड़ी के ‘सेंटर ऑफ ग्रेविटी’ को कम करता है, जिससे टक्कर के समय गाड़ी की स्थिरता (Stability) काफी बढ़ जाती है। ये गाड़ियाँ न केवल पर्यावरण के अनुकूल हैं बल्कि परिवार के लिए एक सुरक्षित कवच भी हैं।
Maruti Suzuki Victoris और Dzire: मारुति ने बदला अपना इतिहास
मारुति सुजुकी, जिसे पहले सुरक्षा के मामले में कमतर आंका जाता था, उसने 2026 में अपनी छवि पूरी तरह बदल ली है। मारुति की नई SUV Maruti Suzuki Victoris ने BNCAP क्रैश टेस्ट में शानदार प्रदर्शन करते हुए 5-स्टार रेटिंग हासिल की है। वयस्कों की सुरक्षा में इसे 31.66 अंक मिले हैं, जो इसे सेगमेंट की सबसे सुरक्षित गाड़ियों में खड़ा करता है। इसके अलावा, नई Maruti Suzuki Dzire मारुति की पहली ऐसी सेडान बनी है जिसे ग्लोबल और भारत NCAP दोनों में 5-स्टार मिले हैं। इसमें स्टैंडर्ड तौर पर 6 एयरबैग्स और इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल जैसे फीचर्स दिए गए हैं, जो मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए इसे एक भरोसेमंद और सुरक्षित विकल्प बनाते हैं।
Skoda Kylaq और Kushaq: यूरोपियन इंजीनियरिंग की मजबूती
यूरोपियन ब्रांड्स हमेशा से अपनी बिल्ड क्वालिटी के लिए जाने जाते हैं। स्कोडा की नई कॉम्पैक्ट SUV Skoda Kylaq ने अपने पहले ही क्रैश टेस्ट में 5-स्टार रेटिंग हासिल कर सबको चौंका दिया है। इसे बच्चों की सुरक्षा में 49 में से 45 अंक मिले हैं, जो इसे छोटे बच्चों वाले परिवारों के लिए सबसे सुरक्षित बनाता है। इसके अलावा, Skoda Kushaq और Volkswagen Taigun अपनी MQB-A0-IN प्लेटफॉर्म की मजबूती के कारण पहले से ही 5-स्टार रेटिंग के साथ बाजार में मौजूद हैं। इन गाड़ियों में हाई-स्ट्रेंथ स्टील का उपयोग किया गया है जो भीषण टक्कर के समय भी केबिन को सुरक्षित रखने में मदद करता है।
महिंद्रा की रग्ड SUVs: Thar ROXX और Scorpio-N का जलवा
महिंद्रा की गाड़ियाँ अपनी मजबूती के लिए मशहूर हैं और BNCAP रेटिंग्स ने इस पर मुहर लगा दी है। Mahindra Thar ROXX को वयस्क और बाल सुरक्षा दोनों में 5-स्टार मिले हैं। इसके अलावा Mahindra XUV 3XO ने भी अपनी श्रेणी में सबसे अधिक अंक हासिल किए हैं। स्कॉर्पियो-एन (Scorpio-N) और XUV700 पहले से ही सुरक्षित गाड़ियों की सूची में शीर्ष पर बनी हुई हैं। महिंद्रा ने अपनी गाड़ियों में लेवल-2 ADAS और 3-पॉइंट सीट बेल्ट जैसे फीचर्स को अब स्टैंडर्ड बनाना शुरू कर दिया है, जिससे दुर्घटना होने की संभावना काफी कम हो जाती है।
Tata Sierra और Curvv: सुरक्षा और स्टाइल का संगम
टाटा मोटर्स की आने वाली और हालिया लॉन्च गाड़ियाँ जैसे Tata Sierra और Tata Curvv (EV और पेट्रोल दोनों) ने सुरक्षा के मामले में रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन किया है। सिएरा को वयस्क सुरक्षा में 31.14 अंक मिले हैं, जो इसे टाटा की सबसे मजबूत गाड़ियों में से एक बनाता है। वहीं Tata Nexon और Tata Altroz ने अपनी 5-स्टार रेटिंग को नए और कड़े मानदंडों के साथ भी बरकरार रखा है। टाटा की गाड़ियों की सबसे बड़ी खासियत उनका ‘इम्पैक्ट 2.0’ डिजाइन और मजबूत चेसिस है, जो दुर्घटना के समय ऊर्जा को सोख लेता है और यात्रियों तक चोट पहुँचने से रोकता है।
किफायती और सुरक्षित: 6 लाख से शुरू होने वाले विकल्प
अच्छी खबर यह है कि अब 5-स्टार सुरक्षा के लिए आपको 20 लाख रुपये खर्च करने की जरूरत नहीं है। भारत में Nissan Magnite, Tata Punch (पेट्रोल) और Maruti Dzire जैसी गाड़ियाँ 6 से 8 लाख रुपये के शुरुआती बजट में उपलब्ध हैं, जिन्हें क्रैश टेस्ट में उच्च रेटिंग प्राप्त है। इन गाड़ियों में 6 एयरबैग्स, ABS, EBD और ISOFIX चाइल्ड सीट माउंट्स जैसे फीचर्स अब आम हो गए हैं। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि 2026 तक भारत की सड़कों पर चलने वाली ज्यादातर नई गाड़ियाँ कम से कम 4 या 5-स्टार रेटिंग वाली होंगी, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों में भारी कमी आने की उम्मीद है।








